Power Sector : सप्ताह की कमजोर शुरुआत के बावजूद ट्रांसफॉर्मर एंड रेक्टिफायर इंडिया लिमिटेड (TRIL) के शेयर ने सोमवार को शानदार प्रदर्शन किया 15 दिसंबर को कंपनी का शेयर लगभग 11.3% बढ़कर ₹311.85 के ऊपरी स्तर तक पहुंच गया यह तेजी बाजार के सामान्य माहौल से बिल्कुल अलग रही सिर्फ दो कारोबारी सत्रों में इस शेयर ने लगभग 30% की छलांग लगाई ट्रेडिंग वॉल्यूम में भी जोरदार उछाल देखने को मिला सुबह करीब बीएसई और एनएसई पर कुल 3.4 करोड़ शेयरों का लेनदेन हुआ जो इसके साप्ताहिक औसत का लगभग दोगुना है।
गिरावट के बाद उछाल
यह उछाल उन निवेशकों के लिए राहत लेकर आया है जो पिछले कुछ हफ्तों से इस स्टॉक की रिकवरी का इंतजार कर रहे थे पिछले महीने 10 नवंबर से 12 दिसंबर के बीच TRIL के शेयर पर दबाव बना रहा और इसमें लगभग 40% की गिरावट आई इस दौरान शेयर उस स्तर तक नीचे गया जिसे पिछले 18 महीनों में नहीं देखा गया था कंपनी का यह स्टॉक जो कभी दलाल स्ट्रीट के पसंदीदा शेयरों में गिना जाता था लगातार गिरावट से निवेशकों के बीच चिंता का कारण बना हुआ था।
तिमाही नतीजों से मुश्किलें
TARIL के सितंबर तिमाही के नतीजे कमजोर रहने से भी शेयर पर दबाव बढ़ा इस तिमाही में नेट प्रॉफिट घटकर ₹34 करोड़ रह गया जबकि पिछले साल की समान तिमाही में यह ₹45 करोड़ था यानी साल दर साल के आधार पर लगभग 24% की गिरावट हुई राजस्व में भी खास बढ़ोतरी नहीं हुई और यह ₹460 करोड़ के आस-पास ही रहा ऑपरेटिंग स्तर पर भी प्रदर्शन कमजोर रहा जहां EBITDA 27% घटकर ₹51.3 करोड़ रह गया इसका मतलब हुआ कि मार्जिन घटकर 11.15% पर आ गया इसके अलावा कंपनी का कर्मचारियों से जुड़ा खर्च सालाना आधार पर 116% बढ़कर ₹26.05 करोड़ तक पहुंच गया यह खर्च बढ़ना भी मुनाफे और मार्जिन पर दबाव का एक बड़ा कारण बन गया।
लॉन्ग-टर्म में फायदा
हालांकि हाल के दिनों में आई यह रिकवरी थोड़ी राहत देती है लेकिन शेयर अभी भी अपने हालिया ऊपरी स्तर से करीब 48% नीचे ट्रेड कर रहा है शॉर्ट टर्म में कमजोर ट्रेंड जरूर नजर आ सकता है पर लंबी अवधि में कंपनी का प्रदर्शन बेहद मजबूत रहा है बीते तीन सालों में TRIL के शेयर ने लगभग 926% का रिटर्न दिया है वहीं पांच साल के दौरान यह लाभ करीब 6500% तक पहुंच गया यानी जिन्होंने लंबी अवधि तक शेयर को होल्ड किया उन्होंने बड़ी कमाई की।
कंपनी का व्यवसाय
Transformers and Rectifiers (India) बिजली उत्पादन ट्रांसमिशन रेलवे रिन्यूएबल एनर्जी और इंफ्रास्ट्रक्चर जैसे अहम क्षेत्रों में काम करती है कंपनी अपने उत्पादों को भारत के साथ-साथ एशिया अफ्रीका और मिडिल ईस्ट के कई देशों में निर्यात करती है भविष्य में सरकारी बिजली परियोजनाओं और नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में बढ़ते निवेश के कारण TRIL को मजबूत अवसर मिल सकते हैं कुल मिलाकर हाल की गिरावट और फिर आई तेज रिकवरी यह दिखाती है कि कंपनी में दीर्घकालीन संभावनाएँ अभी भी बनी हुई हैं।
Disclaimer : यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से लिखा गया है इसमें दी गई जानकारी किसी निवेश सलाह के रूप में न ली जाए शेयर बाजार में निवेश जोखिमों के साथ आता है इसलिए निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से परामर्श अवश्य करें।